अंजनी माता मंदिर मेहंदीपुर बालाजी के निकट स्थित एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है। यह मंदिर भगवान हनुमान जी की माता अंजनी देवी को समर्पित माना जाता है। मेहंदीपुर बालाजी दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालु अंजनी माता मंदिर के दर्शन भी अवश्य करते हैं। इस लेख में अंजनी माता मंदिर की दूरी, दर्शन समय, यात्रा मार्ग, धार्मिक महत्व और आसपास के दर्शनीय स्थलों की जानकारी दी गई है।
यदि आप मेहंदीपुर बालाजी धाम के इतिहास, प्रमुख दर्शनीय स्थलों और मंदिर परिसर के बारे में विस्तार से जानना चाहते हैं, तो मेहंदीपुर बालाजी का इतिहास भी अवश्य पढ़ें।

अगर आप मेहंदीपुर बालाजी दर्शन के लिए आए हैं तो आपको एक बार अंजनी माता मंदिर के दर्शन के लिए यहां जरूर आना चाहिए।
Anjani Mata Mandir Mehandipur Balaji
| 01 | मन्दिर का मुख्य नाम | मंदिर महातपस्वनी माता अंजनी देवी जी ![]() |
| 02 | किस संप्रदाय का मंदिर है? | हिन्दू सनातन धर्म |
| 03 | उद्देश्य | सर्व कल्याण और मनोकामना पूर्ति के लिए। |
| 04 | मुख्य आराध्य देव | माता अंजनी और हनुमान जी। |
अंजनी माता मंदिर मेहंदीपुर कहाँ स्थित है
अंजनी माता मंदिर राजस्थान राज्य के दौसा जिले में स्थित मेहंदीपुर बालाजी धाम के निकट स्थित है। यह मंदिर बालाजी मोड़ के पास होने के कारण श्रद्धालुओं के बीच काफी लोकप्रिय है।
मेहंदीपुर बालाजी से अंजनी माता मंदिर की दूरी
यह मंदिर बालाजी महाराज के मंदिर के काफी निकट स्थित है। वैसे तो जब आप सड़क मार्ग से हाईवे को छोड़कर बालाजी के लिए मुड़ते हैं जिसे बालाजी मोड़ कहा जाता है यहां से यह मंदिर काफी पास पड़ता है।
अंजनी माता मंदिर मेहंदीपुर बालाजी मंदिर से लगभग आधा किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।
अंजनी माता मंदिर के दर्शन का समय और यात्रा मार्ग
श्रद्धालु सामान्यतः सुबह से शाम तक अंजनी माता मंदिर में दर्शन कर सकते हैं। विशेष अवसरों पर समय में परिवर्तन हो सकता है।
लेकिन श्रद्धालु आते समय सबसे पहले बालाजी महाराज के दर्शन के लिए सीधे निकल जाते हैं और दर्शन के बाद माता अंजनी के दर्शन के लिए आते हैं।
किसी भी धार्मिक यात्रा का पुण्य फल पैदल चलकर ही प्राप्त होता है। बालाजी मंदिर से हाईवे यानि राष्ट्रीय राजमार्ग की ओर जाने वाली सड़क आपको माता अंजनी के दरबार तक ले जाती है। और पैदल यह दूरी मात्र 15 से 20 मिनट में पूरी की जा सकती है।
बहुत से श्रद्धालु पैदल ही जाना पसंद करते हैं। अगर आप कई लोग एक साथ आए हों तो पैदल चलने का आनंद कुछ और ही होता है।
सड़क किनारे ग्रुप में बातचीत करते हुए पैदल आप कब पहुंच जाते हैं पता ही नहीं चलता। दूरी भी ज्यादा नहीं है 1 से दो किलोमीटर की दूरी पर स्थित है यह अंजनी माता मंदिर।
वैसे Anjani Mata Mandir Mehandipur जाने के लिए थ्री व्हीलर, ऑटो, टुकटुक और मेट्रो रिक्शा पर्याप्त संख्या में यहां उपलब्ध है।
बालाजी मंदिर से ही आपको ऑटो रिक्शावाले मिल जाते हैं। यहां से जाने का किराया भी मात्र 10 रुपये का लगता है।
रास्ते में आप मान लीजिए आपका सामना सुन्दर, सुसज्जित और पूरे बाजार से होता है। बालाजी मंदिर से दुकानें दिखनी प्रारम्भ हो जाएगी और अंजनी माता के मंदिर तक पहुंचते पहुंचते ये दुकाने भी धीरे-धीरे छंटने लगती है।
मार्ग में पड़ने वाली ये दुकानें वही दुकाने हैं जहां से लोग शॉपिंग वगैरह करते हैं। अगर आपने अभी कुछ भी नहीं खरीदा है तो हमारा सुझाव है कि आप अंजनी माता मंदिर जाते समय कुछ न खरीदे क्योंकि इससे आप पर अनावश्यक भार बढ़ जाएगा।
फिर ये बोझ आपको मंदिर तक फिर मंदिर से होटल, धर्मशाला तक आपको उठाना पड़ेगा। हां, मंदिर से वापसी में खरीदारी कर सकते हैं।
अंजनी माता मंदिर परिसर में क्या-क्या देखें?
Anjani Mata Mandir के मुख्य द्वार के बाहर ही आपको प्रसाद की दुकाने नजर आयेंगी। आप यहां से प्रसाद चढ़ाने के लिए खरीद सकते हैं। यहां प्रसाद में मुख्य रूप से परमल, इलायची दाना और सूखे मेवे का प्रसाद मिलता है।
प्रसाद लेकर जैसे आप मंदिर के मुख्य द्वार से अंदर जाते हैं, आपको दर्शन होते हैं अंजनी माता के भवन के। यह भवन काफी ऊंचा बना हुआ है और भवन तक जाने के लिए पक्की सीढ़ियां बनी हुई है।

अंजनी माता मंदिर का धार्मिक महत्व
हिंदू धर्म में माता अंजनी को भगवान हनुमान जी की माता के रूप में पूजा जाता है। श्रद्धालु मानते हैं कि माता अंजनी के दर्शन से परिवार में सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।
अंजनी माता मंदिर में क्या-क्या देखें?
मंदिर वाकई में बहुत सुन्दर बना हुआ है। अगर आप बालाजी आए तो आपको एक बार यहां जरूर आना चाहिए।
मंदिर के अंदर फोटोग्राफी करना सख्त मना है। लेकिन मंदिर के अलावा आप अन्य सुन्दर दृश्यों को अपने मोबाइल के कैमरे में अवश्य संजो कर रख सकते हैं।
भोले शंकर की गुफा
मंदिर के प्रवेश द्वार से प्रवेश करते ही आपको बायीं ओर सीढ़ियां दिखाई देंगी जो आपको ऊपर भोले शंकर की गुफा में ले जायेंगी।

नीचे से देखने पर यह एक पर्वत की तरह दिखाई देती है। बहुत ही अच्छा लगता है बाहर से देखने पर।
पूतना माई की प्रतिमा
गुफा से बाहर निकलने पर आगे बढ़ते हैं तो सीढ़ियां नीचे ढलान की तरफ जाती है। आगे बढ़ते ही आपका सामना होता है पूतना माई की एक विशाल प्रतिमा से।

यह वो जगह है जहां आप सेल्फी वगैरह ले सकते हैं। नीचे उतरने पर अत्यन्त मन को भा जाने वाला एक बगीचा सामने आ जाता है।

अशोक वाटिका
यहीं पर कृत्रिम रूप से एक अशोक वाटिका बनाई गई है।
हनुमान जी और वानर सेना की प्रतिमाएँ
थोड़ा सा और आगे बढ़ते हैं तो हनुमान जी महाराज राम नाम धुन में बैठे हुए प्रतिमा के रूप में दिखाई देते हैं।

इनके चारों ओर वानर ही वानर मूर्तियों के रूप में नृत्य करते जान पड़ते हैं। यह तो वाकई में अलौकिक दृश्य लगता है। इन वानरों की आंखे बच्चों के खेलने वाले कंचों से बनाई गई है। देखने मात्र से ही लगता है कि ये कोई सजीव दृश्य है।

श्रवण कुमार की प्रतिमा
थोड़ा और आगे बढ़ते हैं तो यहां एक कुटिया नजर आती है जिसमें श्रवण कुमार जी अपने कंधों पर एक कांवर लिए है जिनमे उनके माता पिता बैठे हुए हैं।

मुख्य मंदिर परिसर और हाथियों की प्रतिमाएँ
यहां से बाहर निकल कर आप माता अंजनी के मंदिर के साइड में पहुंच जाते हैं। मंदिर के सामने ही दो हाथियों की विशाल प्रतिमाएं हैं जहां आप तस्वीरें ले सकते हैं।

बहुत ही सुंदर सुंदर दृश्य यहां आपको देखने को मिलेंगे जिन्हें यहां शब्दों में पिरोना थोड़ा मुश्किल सा लगता है। अगर मैं Places To Visit Near Mehandipur Balaji Temple की बात करूं तो Anjani Mata Mandir Mehandipur यहां की दूसरी बेस्ट जगह है।
आपको यहां एक बार जरूर आना चाहिए।
निष्कर्ष
अंजनी माता मंदिर मेहंदीपुर बालाजी धाम के निकट स्थित प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है। यहां माता अंजनी के दर्शन के साथ भोले शंकर की गुफा, पूतना माई, अशोक वाटिका, हनुमान जी एवं वानर सेना की प्रतिमाएं तथा अन्य दर्शनीय स्थल श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभव प्रदान करते हैं। यदि आप मेहंदीपुर बालाजी की यात्रा पर आएं, तो इस मंदिर के दर्शन भी अपनी यात्रा में अवश्य शामिल करें।
अंजनी माता मंदिर से जुड़े सामान्य प्रश्न
अंजनी माता मंदिर कहाँ स्थित है?
यह मंदिर मेहंदीपुर बालाजी धाम के निकट दौसा जिले में स्थित है।
मेहंदीपुर बालाजी से अंजनी माता मंदिर कितनी दूरी पर है?
यह मंदिर बालाजी मोड़ से निकट स्थित है और पैदल भी पहुँचा जा सकता है।
क्या अंजनी माता मंदिर में दर्शन के लिए शुल्क लगता है?
मंदिर में दर्शन निःशुल्क हैं।
क्या मेहंदीपुर बालाजी दर्शन के साथ अंजनी माता मंदिर भी देखा जा सकता है?
हाँ, अधिकांश श्रद्धालु दोनों स्थानों के दर्शन करते हैं।
यदि आप मेहंदीपुर बालाजी के आसपास स्थित अन्य प्रमुख धार्मिक स्थलों के बारे में भी जानना चाहते हैं, तो तीन पहाड़ी मंदिर तथा सात पहाड़ की जानकारी भी अवश्य पढ़ें।
जय बाबा की!





