होम Mehandipur Balaji Mandir – Janiye Yahan Ki Poori Jankari Hindi Me Mehandipur Balaji ke Niyam In Hindi – Poori Jankari श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा (लिरिक्स के साथ) | Shri Mehandipur Balaji Chalisa

श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा (लिरिक्स के साथ) | Shri Mehandipur Balaji Chalisa

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Shri Mehandipur Balaji Chalisa मेहंदीपुर बालाजी महाराज की महिमा का वर्णन करने वाली अत्यंत लोकप्रिय चालीसा है। इस चालीसा में बालाजी महाराज, प्रेतराज सरकार और कोतवाल कप्तान भैरव जी की कृपा, शक्ति तथा भक्तों के संकट निवारण का वर्णन मिलता है। श्रद्धालु नियमित रूप से इस चालीसा का पाठ कर बालाजी महाराज का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।

यदि आप मेहंदीपुर बालाजी धाम के नियम, पूजा और परंपराओं की विस्तृत जानकारी चाहते हैं, तो मेहंदीपुर बालाजी के नियम भी अवश्य पढ़ें।

विवरण जानकारी
चालीसा का नाम श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा
English Title Shri Mehandipur Balaji Chalisa
आराध्य श्री बालाजी महाराज
स्थान मेहंदीपुर बालाजी धाम, राजस्थान
श्रेणी चालीसा / स्तुति
लाभ संकट निवारण एवं आध्यात्मिक शांति

shri mehandipur balaji chalisa lyrics in hindi

Shri Mehandipur Balaji Chalisa Lyrics In Hindi

॥ दोहा ॥

श्री गुरु चरण चितलाय के धरें ध्यान हनुमान।

बालाजी चालीसा लिखें दास स्नेही कल्याण॥

विश्व विदित वर दानी संकट हरण हनुमान।

मेहंदीपुर प्रकट भए बालाजी भगवान्॥


॥ चौपाई ॥

जय हनुमान बालाजी देवा, प्रकट भए यहां तीनों देवा।प्रेतराज भैरव बलवाना, कोतवाल कप्तान हनुमाना।

मेहंदीपुर अवतार लिया है, भक्तों का उद्धार किया है।बालरूप प्रकटे हैं यहां पर, संकट वाले आते जहां पर।

डाकनी, शाकनी अरू जिन्दनीं, मशान चुड़ैल भूत भूतनी।जाके भय ते सब भग जाते, स्याने भोपे यहां घबराते।

चौकी बंधन सब कट जाते, दूत मिले आनंद मनाते।सच्चा है दरबार तिहारा, शरण पड़े सुख पावे भारा।

रूप तेज बल अतुलित धामा, सन्मुख जिनके सिय रामा।
कनक मुकुट मणि तेज प्रकाशा, सबकी होवत पूर्ण आशा।

महंत गणेशपुरी गुणीले, भये सुसेवक राम रंगीले।
अद्भुत कला दिखाई कैसी, कलयुग ज्योति जलाई जैसी।

ऊंची ध्वजा पताका नभ में, स्वर्ण कलश है उन्नत जग में।
धर्म सत्य का डंका बाजे, सियाराम जय शंकर राजे।

आन फिराया मुगदर घोटा, भूत जिंद पर पड़ते सोटा।
राम लक्ष्मन सिय हृदय कल्याणा, बाल रूप प्रगटे हनुमाना।

जय हनुमंत हठीले देवा, पुरी परिवार करत है सेवा।
लड्डू चूरमा मिसरी मेवा, अर्जी दरखास्त लगाऊ देवा।

दया करे सब विधि बालाजी, संकट हरण प्रगटे बालाजी।
जय बाबा की जन जन उचारे, कोटिक जन तेरे आए द्वारे।

बाल समय रवि भक्षहि लीन्हा, तिमिर मय जग कीन्हो तीन्हा।
देवन विनती की अति भारी, छांड़ दियो रवि कष्ट निहारी।

लांघि उदधि सिया सुधि लाए, लक्ष्मण हित संजीवन लाए।
रामानुज प्राण दिवाकर, शंकर सुवन मां अंजनी चाकर।

केसरी नंदन दुख भव भंजन, रामानंद सदा सुख संदन।
सिया राम के प्राण पियारे, जय बाबा की भक्त ऊचारे।

संकट दुख भंजन भगवाना, दया करहु हे कृपा निधाना।
सुमर बाल रूप कल्याणा, करे मनोरथ पूर्ण कामा।

अष्ट सिद्धि नव निधि दातारी, भक्त जन आवे बहु भारी।
मेवा अरु मिष्टान प्रवीना, भेंट चढ़ावें धनि अरु दीना।

नृत्य करे नित न्यारे न्यारे, रिद्धि सिद्धियाँ जाके द्वारे।
अर्जी का आदर मिलते ही, भैरव भूत पकड़ते तबही।

कोतवाल कप्तान कृपाणी, प्रेतराज संकट कल्याणी।
चौकी बंधन कटते भाई, जो जन करते हैं सेवकाई।

रामदास बाल भगवंता, मेंहदीपुर प्रगटे हनुमंता।
जो जन बालाजी में आते, जन्म जन्म के पाप नशाते।

जल पावन लेकर घर जाते, निर्मल हो आनंद मनाते।
क्रूर कठिन संकट भग जावे, सत्य धर्म पथ राह दिखावें।

जो सत पाठ करे चालीसा, तापर प्रसन्न होय बागीसा।
कल्याण स्नेही स्नेह से गावे, सुख समृद्धि रिद्धि सिद्धि पावे।

जो श्रद्धालु भगवान श्री हनुमान जी के व्रत का महत्व जानना चाहते हैं, वे बालाजी महाराज की व्रत कथा भी पढ़ सकते हैं।

।।दोहा।।

मंद बुद्धि मम जानके, क्षमा करो गुणखान।

संकट मोचन क्षमहु मम, “ओम” स्नेही कल्याणा।


Shri Balaji Chalisa with Lyrics - Pankaj Kataria मेहंदीपुर बालाजी की चालीसा | Mehandipur Balaji


श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा का महत्व

श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा का पाठ भक्तों द्वारा श्रद्धा और विश्वास के साथ किया जाता है। मान्यता है कि नियमित रूप से चालीसा का पाठ करने से भय, नकारात्मकता और मानसिक अशांति दूर होती है तथा बालाजी महाराज की कृपा प्राप्त होती है।

मेहंदीपुर बालाजी आने वाले श्रद्धालु भी दर्शन के साथ इस चालीसा का पाठ करते हैं। कई भक्त चालीसा पाठ के साथ मेहंदीपुर बालाजी के 14 जयकारे भी श्रद्धापूर्वक बोलते हैं। इसमें बालाजी महाराज, प्रेतराज सरकार और भैरव बाबा की महिमा का वर्णन मिलता है।

श्री मेहंदीपुर बालाजी चालीसा से जुड़े प्रश्न

Shri Mehandipur Balaji Chalisa क्या है?

यह मेहंदीपुर बालाजी महाराज की महिमा का वर्णन करने वाली प्रसिद्ध चालीसा है।

बालाजी चालीसा का पाठ कब करना चाहिए?

मंगलवार और शनिवार या प्रतिदिन श्रद्धा अनुसार इसका पाठ किया जा सकता है।

क्या इस चालीसा में प्रेतराज सरकार और भैरव बाबा का वर्णन है?

हाँ, चालीसा में प्रेतराज सरकार और कोतवाल कप्तान भैरव जी का भी वर्णन मिलता है।

Shri Mehandipur Balaji Chalisa पढ़ने के क्या लाभ हैं?

भक्तों की मान्यता के अनुसार इससे मन को शांति, साहस और आध्यात्मिक बल प्राप्त होता है।

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PUNIT NAGAR
पुनीत नागर JSBJM.org के संस्थापक और लेखक हैं। वे मेहंदीपुर बालाजी धाम, मंदिर से जुड़ी धार्मिक परंपराओं, दर्शन, अर्जी-दरखास्त, हनुमान भक्ति और सनातन धर्म से संबंधित विषयों पर हिंदी में लेख लिखते हैं। उनका प्रयास उपलब्ध आधिकारिक एवं विश्वसनीय स्रोतों, शोध सामग्री, पुस्तकों तथा संबंधित धार्मिक और स्थानीय परंपराओं के संदर्भ में जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत करना है। जहाँ किसी जानकारी का आधार धार्मिक मान्यता या स्थानीय परंपरा होता है, उसे उसी संदर्भ में स्पष्ट करने का प्रयास किया जाता है।

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