होम Mehandipur Balaji Mandir – Janiye Yahan Ki Poori Jankari Hindi Me Mehandipur Balaji ke Niyam In Hindi – Poori Jankari मेहंदीपुर के भैरो बाबा की आरती (Shri Bhairav Ji Ki Aarti Lyrics)

मेहंदीपुर के भैरो बाबा की आरती (Shri Bhairav Ji Ki Aarti Lyrics)

0
12421

मेहंदीपुर के भैरो बाबा की आरती (Shri Bhairav Ji Ki Aarti Lyrics In Hindi)

Bhairav ji ki aarti lyrics

भैरो बाबा की आरती लिरिक्स

भैरो बाबा की आरती मेहंदीपुर बालाजी धाम में श्रद्धा और भक्ति के साथ गाई जाती है। यदि आप मेहंदीपुर बालाजी धाम की यात्रा और पूजा से जुड़े आवश्यक नियम जानना चाहते हैं, तो मेहंदीपुर बालाजी के नियम भी अवश्य पढ़ें। भक्त भैरो बाबा की कृपा प्राप्त करने के लिए इस आरती का पाठ करते हैं, और उनकी कृपा प्राप्त करते हैं। आरती के साथ अनेक श्रद्धालु श्री भैरव चालीसा का पाठ भी श्रद्धापूर्वक करते हैं। यहां Bhairav Ji Ki Aarti के सम्पूर्ण हिंदी और अंग्रेजी बोल दिए गए हैं।

सुनो जी भैरव लाडले कर जोड़ कर विनती करूं।
कृपा तुम्हारी चाहिए में ध्यान तुम्हारा ही धरूं।

मै चरण छूता आपके अर्जी मेरी सुन सुन लीजिए।मै हूं मति का मंद मेरी कुछ मदद तो कीजिए।

महिमा तुम्हारी बहुत कुछ थोड़ी सी मैं वर्णन करुं।
सुनो जी भैरव लाडले कर जोड़ कर विनती करूं।


करते सवारी श्वान की चारों दिशा में राज्य है।
जितने भूत और प्रेत सबके आप ही सरताज हैं।

हथियार हैं जो आपके उनका मैं क्या वर्णन करूं।
सुनो जी भैरव लाडले कर जोड़ कर विनती करूं।


माताजी के सामने तुम नृत्य भी करते हो सदा।
गा गा के गुण अनुवाद से उनको रिझाते हो सदा।

एक सांकली है आपकी तारीफ उसकी क्या करूं।
सुनो जी भैरव लाडले कर जोड़ कर विनती करूं।


बहुत सी महिमा तुम्हारी मेहंदीपुर सरनाम है।
आते जगत के यात्री श्री बजरंग का स्थान है।

श्री प्रेतराज सरकार के मैं शीश चरणों मैं धरूं।
सुनो जी भैरव लाडले कर जोड़ कर विनती करूं।


निशदिन तुम्हारे खेल से माताजी खुश होती रहें।
सर पर तुम्हारे हाथ रखकर आशीर्वाद देती रहें।

कर जोड़ कर विनती करूं अरुशीश चरणों में धरूं।
सुनो जी भैरव लाड़ले कर जोड़ कर विनती करूं।

Aarti Bhairav Baba Ki ~ Suno Ji Bhairav Ladle - सुनो जी भैरव लाडले || FULL VIDEO #Ambey


Shri Bhairav Ji Ki Aarti Lyrics In English

Suno Ji Bhairav Laadle Kar Jod Kar Vinti Karun.
Kripa Tumhari Chahiye Mein Dhyan Tumhara Hi Dharun.


Mein Charan Choota Aapke Arji Meri Sun Lijiye.
Mein Hun Mati Ka Mand Meri Kuch Madad To Kijiye.


Mahima Tumhari Bahut Kuch Thodi Si Me Varnan Karun.
Suno Ji Bhairav Laadle Kar Jod Kar Vinti Karun.


Karte Sawari Shwan Ki Charon Disha Me Rajya Hai.
Jitne Bhoot Or Pret Sabke Aap Hi Sartaaj Hai.


Hathiyar Hai Jo Aapke Unka Mein Kya Varnan Karun.
Suno Ji Bhairav Laadle Kar Jod Kar Vinti Karun.


Mata Ji Ke Samne Tum Nritya Bhi Karte Ho Sada.
Ga Ga Ke Gun Anuvad Se Unko Rijhate Ho Sada.


Ek Sankali Hai Aapki Tareef Uski Kya Karun
Suno Ji Bhairav Laadle Kar Jod Kar Vinti Karun.


Bahut Si Mahima Tumhari Mehandipur Sarnam Hai.
Aate Jagat ke Yatri Shri Bajrang Ka Sthaan Hai.


Shri Pretraj Sarkar Ke Me Sheesh Charno Me Dharun.
Suno Ji Bhairav Laadle Kar Jod Kar Vinti Karun.


Nishdin Tumhare Khel Se Mata Ji Khush Hoti Rahein.
Sir Par Tumhare Hath Rakhar Ashirwad Deti Rahein.


Kar Jod Kar Vinti Karun Aru Sheesh Charno Me Dharun.
Suno Ji Bhairav Ladle Kar Jod Kar Vinti Karun.


भैरो बाबा की आरती से जुड़े प्रश्न –

भैरो बाबा की आरती कब करनी चाहिए?

भक्त अपनी श्रद्धा के अनुसार प्रतिदिन या विशेष अवसरों पर भैरो बाबा की आरती कर सकते हैं। नित्य सुबह शाम आरती करने से घर में सुख समृद्धि आती है और नकारात्मक ऊर्जाओं से दूरी बनती है।

Bhairav Ji Ki Aarti का महत्व क्या है?

भैरो बाबा की आरती भक्ति, श्रद्धा और कृपा प्राप्ति का माध्यम मानी जाती है। भैरो बाबा सभी का दुःख संकट हरने वाले हैं। इनकी पूजा अर्चना से जीवन में बदलाव आता है और सुख शांति बनी रहती है।

भैरो बाबा की आरती के बोल कहाँ मिलेंगे?

इस लेख में भैरो बाबा की आरती के सम्पूर्ण हिंदी और अंग्रेजी बोल उपलब्ध हैं। पाठक अपनी रुचि अनुसार किसी भी भाषा में लिरिक्स पढ़ सकते हैं।

Tags: मेहंदीपुर के भैरो बाबा की आरती, Shri Bhairav Ji Ki Aarti Lyrics.

पिछला लेखश्री भैरव चालीसा | Shri Bhairav Chalisa Lyrics In Hindi
अगला लेखआरती श्री प्रेतराज सरकार – Shri Pretraj Sarkar Ki Aarti Lyrics In Hindi.
PUNIT NAGAR
पुनीत नागर JSBJM.org के संस्थापक और लेखक हैं। वे मेहंदीपुर बालाजी धाम, मंदिर से जुड़ी धार्मिक परंपराओं, दर्शन, अर्जी-दरखास्त, हनुमान भक्ति और सनातन धर्म से संबंधित विषयों पर हिंदी में लेख लिखते हैं। उनका प्रयास उपलब्ध आधिकारिक एवं विश्वसनीय स्रोतों, शोध सामग्री, पुस्तकों तथा संबंधित धार्मिक और स्थानीय परंपराओं के संदर्भ में जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत करना है। जहाँ किसी जानकारी का आधार धार्मिक मान्यता या स्थानीय परंपरा होता है, उसे उसी संदर्भ में स्पष्ट करने का प्रयास किया जाता है।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें